New Delhi: जो सपने देखने की हिम्मत करते हैं वो पूरी दुनिया जीत सकते हैं.. आज हम आपको माइकल जॉर्डन की सच्ची कहानी बताने जा रहे हैं. हमें उम्मीद है कि इस कहानी के जरिए आपके अंदर की सभी नकारात्मक सोच खत्म हो जाएगी. आप अपने सपनों को पूरा करेंगे.

कहानी शुरू करने से पहले हम माइकल जॉर्डन के बारे में एक बात बताते हैं. जिस तरह से सचिन तेंदुलकर क्रिकेट के भगवान माने जाते हैं, ठीक उसी तरह से बास्केटबॉल खेल में माइकल जॉर्डन का नाम सबसे पहले आता है.

वो एक अमेरिकी बास्केटबॉल खिलाड़ी हैं. हालांकि, वह संयास ले चुके हैं. माइकल बहुत गरीब घर में पैदा हुए थे. वो और उनका परिवार एक छोटे से झोपड़ी में रहता था. माइकल की सोच हमेशा कुछ बड़ा करने की होती थी, जिससे कि उनकी गरीबी की समस्या सुलझ जाए.

जब वह 13 साल के थे, तभी उनके पिता ने उन्हें बुलाया. एक पुराना यूज किया हुआ कपड़ा देकर बोले- बेटा ये बताओ, इसकी कीमत कितनी होगी? माइकल सोचने के बाद बोले- ये 1 डॉलर का होगा, तो पिता ने कहा- इसे कुछ भी करके बाजार जाकर 2 डॉलर में बेचकर आओ.

माइकल ने उस कपड़े को अच्छे से धोया. और फिर घर पर स्त्री ना होने के कारण वह उसे ढेर सारे कपड़ों के नीचे सीधा करके रख दिया. अगले दिन उसने देखा, कपड़ा पहले से अच्छा दिखाई दे रहा है. माइकल उस कपड़े को लेकर रेलवे स्टेशन चला गया.

5 घंटे बाद उसका कपड़ा बिक गया. और बहुत खुश होता हुआ घर आया औऱ अपने पापा को पैसा दे दिया. 15 दिनों के बाद पिता ने उसे वैसा ही एक और कपड़ा दे दिया और कहा कि जाओ इसे 20 डॉलर में बेचकर आओ. माइकल थोड़ा सोच में पड़ गया. फिर कहा, इसके 20 डॉलर कौन देगा. पिता ने माइकल को कोशिश करने के लिए कहा.

माइकल ने फिर से अपना दिमाग लगाया. और अपने दोस्त के साथ शहर जाकर उस टीशर्ट पर एक मिकी माउस का स्टीकर लगा दिया. और अमीर घर वाले स्कूल के बच्चों के सामने उसे बेचने लगा. एक छोटे से बच्चे ने अपने पापा से कहकर उसे खरीद लिया. छोटे बच्चे के पापा ने 5 डॉलर एक्स्ट्रा टिप भी दिए. और इस तरह उसने एक डॉलर के कपड़े को पूरे 25 डॉलर में बेचा. खुशी खुशी पापा को र पर आकर बताया.

कुछ दिनों बाद पिता ने माइकल को एक और 2 डॉलर का कपड़ा दिया और कहा कि ये लो इसे 200 डॉलर में बेचकर आओ. इस बार ये बहुत ज्यादा था. लेकिन माइकल ने फिर भी कुछ नहीं कहा. इस बार उसने 2 से 3 दिन का समय लिया. इस बार उसे कुछ समझ नहीं आ रहा था कि आखिर इसका दाम वह 200 डॉलर कैसे करे. अचानक उसके दिमाग में एक आइडिया आया. और वह शहर चला गया. उस दिन शहर में एक बहुत ही फेमस एक्ट्रेस आई हुई थी. उसने पुलिस का घेरा तोड़ते हुए उस एक्ट्रेस का ऑटोग्राफ मांगने चला गया.

मासूम से बच्चे को देखकर एक्ट्रेस मना नहीं कर पाई और उस कपड़े पर अपना ऑटोग्राफ दे दिया. अगले दिन वह बाजार जाकर उस ऑटोग्राफ वाले कपड़े को 200 डॉलर में बेचने लगा. और उसको लेने के लिए बहुत सारे लोग इकट्ठा हो गए. भीड़ इतनी ज्यादा इकट्ठा हो गई कि उस ऑटोग्राफ वाले कपड़े को देखकर लोग बोली लगाने लगे.

और लास्ट में उस कपड़े को एक पैसे वाले शख्स ने 200 हजार डॉलर में खरीद लिया. माइकल इस बार इतने पैसे लेकर अपने घर पहुंचा, और पूरी कहानी अपने पिता को बताई तो उनके आंखों में आंसू आ गए, वो बोले बेटा तू अपनी जिंदगी में कुछ भी कर सकता है. इस बात को लेकर माइकल ने अपने एक इंटरव्यू में कहा- जहां पर सकारात्मक सोच होती है, वहां रास्ते अपने आप बन जाते हैं. नकारात्मक सोच से आप सकारात्मक जीवन नहीं जी सकते. इसलिए हमेशा सकारात्मक सोचिए. आपका रास्ता अपने आप बन जाएगा.

About Author

Naina Shrivastava

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *